पीएम स्वनिधि
पीएम स्वनिधि
**प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि (पीएम स्वनिधि) योजना** ने उत्तराखण्ड के रेहड़ी-पटरी एवं फुटपाथ विक्रेताओं के जीवन में महत्वपूर्ण परिवर्तन लाया है। यह योजना वित्तीय समावेशन एवं डिजिटल साक्षरता को बढ़ावा देने में अत्यंत प्रभावी सिद्ध हुई है। 1 जून 2020 को प्रारम्भ की गई इस योजना के अंतर्गत स्ट्रीट वेंडर्स को बिना किसी जमानत के कार्यशील पूंजी ऋण उपलब्ध कराया जाता है, जिससे उन्हें कोविड-19 महामारी के बाद अपने व्यवसाय को पुनः स्थापित एवं सुदृढ़ करने में सहायता मिली है।
उत्तराखण्ड में योजना का क्रियान्वयन
• ऋण वितरण
जुलाई 2025 तक उत्तराखण्ड में 63,316 से अधिक स्ट्रीट वेंडर्स ने ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से ऋण हेतु आवेदन किया। प्रथम चरण में ₹15,000 तक के ऋण 31,718 से अधिक लाभार्थियों को स्वीकृत किए गए। द्वितीय चरण में लगभग 18,817 लाभार्थियों को ₹25,000 तक के ऋण स्वीकृत किए गए, जबकि तृतीय चरण में लगभग 5,310 लाभार्थियों को ₹50,000 तक के ऋण प्रदान किए गए। तीनों चरणों में कुल मिलाकर 50,635 से अधिक स्ट्रीट वेंडर्स को ₹87.56 करोड़ से अधिक की राशि वितरित की गई है।
• ब्याज अनुदान
योजना के अंतर्गत लाभार्थियों को भारत सरकार द्वारा 7 प्रतिशत तथा राज्य सरकार द्वारा अतिरिक्त 2 प्रतिशत ब्याज अनुदान प्रदान किया जाता है, जिससे ऋण पर ब्याज का भार काफी कम हो जाता है। इसके अतिरिक्त, उत्तराखण्ड सरकार शेष 3-4 प्रतिशत ब्याज राशि का वहन करने की दिशा में भी कार्य कर रही है, जिससे लाभार्थियों को अत्यंत कम अथवा शून्य ब्याज दर पर ऋण उपलब्ध कराया जा सके।
• डिजिटल लेनदेन
‘मैं भी डिजिटल’ अभियान के अंतर्गत लगभग 22,556 (70 प्रतिशत) स्ट्रीट वेंडर्स को बैंकों के माध्यम से क्यूआर कोड उपलब्ध कराए गए हैं। इससे डिजिटल भुगतान को बढ़ावा मिला है तथा विक्रेताओं में डिजिटल साक्षरता का विकास हुआ है।
• समग्र कल्याण
‘स्वनिधि से समृद्धि’ पहल के अंतर्गत लाभार्थियों एवं उनके परिवारों को केंद्र सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ा जा रहा है। इनमें वन नेशन वन राशन कार्ड, जननी सुरक्षा योजना, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री जन-धन योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना तथा प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना सहित आठ प्रमुख योजनाएँ सम्मिलित हैं। राज्य के 36 नगरीय निकायों के लगभग 31,419 पात्र रेहड़ी-पटरी विक्रेताओं एवं उनके परिजनों को इन योजनाओं का लाभ प्राप्त हुआ है।
उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने पीएम स्वनिधि योजना की सराहना करते हुए कहा है कि इस योजना ने शहरी क्षेत्रों में वित्तीय समावेशन एवं डिजिटल साक्षरता की नई शुरुआत की है। उनके अनुसार इस योजना ने स्ट्रीट वेंडर्स के बीच स्वरोजगार, आत्मनिर्भरता, आत्मसम्मान एवं आत्मविश्वास को पुनर्स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
समग्र रूप से, पीएम स्वनिधि योजना उत्तराखण्ड के स्ट्रीट वेंडर्स को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने, डिजिटल भुगतान को प्रोत्साहित करने तथा उन्हें विभिन्न सामाजिक सुरक्षा एवं कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने में एक महत्वपूर्ण एवं प्रभावी पहल सिद्ध हुई है।
| क्र.सं. | जनपद | कुल लक्ष्य | पात्र | बैंक द्वारा लौटाए गए | स्वीकृत | स्वीकृति लंबित | वितरित | वितरण लंबित | वितरण उपलब्धि (%) |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| 1 | पौड़ी | 5445 | 3353 | 489 | 2613 | 250 | 2547 | 66 | 47% |
| 2 | अल्मोड़ा | 734 | 568 | 20 | 523 | 25 | 510 | 13 | 69% |
| 3 | चमोली | 2145 | 1476 | 54 | 1351 | 71 | 1331 | 20 | 62% |
| 4 | चम्पावत | 2162 | 1119 | 15 | 1053 | 51 | 1036 | 17 | 48% |
| 5 | पिथौरागढ़ | 2203 | 1453 | 114 | 1258 | 79 | 1238 | 20 | 56% |
| 6 | हरिद्वार | 40879 | 20867 | 3943 | 15888 | 1035 | 15548 | 340 | 38% |
| 7 | टिहरी | 2277 | 1592 | 231 | 1277 | 84 | 1259 | 18 | 55% |
| 8 | देहरादून | 23810 | 12660 | 1163 | 10668 | 828 | 10504 | 164 | 44% |
| 9 | उत्तरकाशी | 1254 | 795 | 32 | 712 | 51 | 705 | 7 | 56% |
| 10 | ऊधम सिंह नगर | 27060 | 13652 | 1555 | 11490 | 592 | 11359 | 131 | 42% |
| 11 | बागेश्वर | 1287 | 864 | 34 | 783 | 44 | 775 | 8 | 60% |
| 12 | नैनीताल | 8489 | 4547 | 730 | 3570 | 247 | 3526 | 44 | 42% |
| 13 | रुद्रप्रयाग | 726 | 370 | 45 | 304 | 21 | 297 | 7 | 41% |
| कुल | 118470 | 63316 | 8425 | 51490 | 3378 | 50635 | 855 | 43% | |